JNU में कन्हैया के भाषण की 10 प्रमुख बातें

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देशद्रोह के मामले में गिरफ़्तारी के बाद ज़मानत पर रिहा हुए जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के छात्रसंघ के अध्यक्ष कन्हैया कुमार ने गुरुवार रात जेएनयू परिसर में छात्रों को संबोधित किया.


उनके संबोधन के कुछ प्रमुख अंश इस प्रकार है-
1. इस देश में जनविरोधी सरकार है. उस सरकार के ख़िलाफ़ बोलेंगे तो इनका साइबर सेल डॉक्टर्ड वीडियो दिखाएगा.
2. हमें एबीवीपी से कोई शिकायत नहीं है क्योंकि हम सही मायनों में गणतांत्रिक लोग हैं. हम भारतीय संविधान में विश्वास करते हैं.
3. दोस्तों मैं तुम्हारा यानी एबीवीपी का विच-हंटिंग नहीं करूंगा क्योंकि शिकार उसका किया जाता है जो शिकार करने लायक है. हम एबीवीपी को एक शत्रु की तरह नहीं बल्कि विरोधी के तौर पर देखते हैं.
4. प्रधानमंत्री जी ने ट्वीट किया है और कहा है सत्यमेव जयते. प्रधानमंत्री जी आपसे भारी वैचारिक मतभेद है लेकिन क्योंकि सत्यमेव जयते आपका नहीं इस देश का संविधान का है, मैं भी कहता हूं सत्यमेव जयते.


5. जेएनयू पर हमला एक योजना के तहत है क्योंकि वे यूजीसी के विरोध में प्रदर्शन को ख़त्म करना चाहते हैं और रोहित वेमुला के लिए न्याय की लड़ाई को धीमा करना चाहते हैं. इस देश की सत्ता ने जब जब अत्याचार किया है, जेएनयू से बुंलद आवाज़ आई है, आप हमारी लड़ाई को धीमा नहीं कर सकते.
6. भारत से नहीं भाइयों, भारत में आज़ादी मांग रहे हैं. 'से' और 'में' में फर्क होता है. कुछ को तो आपने हर-हर कहकर झक लिया, आजकल अरहर से परेशान हैं.
7. आज आप छात्र और हम यहां है क्योंकि आपको लगता है कि आप पर हमला हुआ है. लेकिन यह हमला कुछ समय पहले 'स्वामी' ने किया था.
9. ये लंबी लड़ाई है. बिना झुके, बिना रुके हमें लड़ना है. रोहित वेमुला ने जो लड़ाई शुरू की, आप और देश के शांतिप्रिय लोग इस लड़ाई को आगे ले जाएंगे और हम इस लड़ाई में जीतेंगे.
10. भारत से नहीं भारत को लूटने वालों से आज़ादी चाहते हैं. हमें भूख, भ्रष्टाचार, जातिवाद और प्रांतवाद से आज़ादी चाहिए.

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